Robot Essay In Hindi

सोफ़िया हुमनोइड रोबोट की पूरी जानकारी Sophia The Humanoid Robot details in Hindi सोफ़िया मनुष्य रोबोट जो मनुष्य के जैसी दिखती है और बोल सकती है।

सोफ़िया हुमनोइड रोबोट की पूरी जानकारी Sophia The Humanoid Robot details in Hindi

विषय सूचि

हुमनोइड रोबोट क्या होते हैं? What are Humanoid Robots in Hindi?

हुमनोइड एक रोबोट के प्रकार को कहते हैं जो देखने में मनुष्य के जैसे होते हैं और उनके कुछ काम और व्यवहार भी मनुष्य के जैसे ही होते हैं।

सोफ़िया हुमनोइड रोबोट क्या है? What is Sophia Humanoid Robot in Hindi?

सोफिया एक हुमनोइड रोबोट(Humanoid Robot) है जिसे हांगकांग की एक कंपनी हेनसन रोबोटिक्स(Hanson Robotics) ने लांच किया है। सोफिया रोबोट को हेनसन रोबोटिक्स के फाउंडर डॉ डेविड हेनसन(Dr. David Hanson) ने बनाया है। इस रोबोट की सबसे खास  बात यह है कि  सोफिया रोबोट को लोगों से सीखने और  उनके साथ काम और बातें करने के लिए बनाया गया है। दुनिया के कई देशों में सोफिया का इंटरव्यू लिया जा चुका है और उनमें सोफिया ने बहुत सारे जबरदस्त जवाब भी दिए और लोगों से बात भी की।

अगर हम देखें तो सोफिया हुमनोइड रोबोट 21वीं सदी का एक बहुत ही बड़ा आविष्कार है जो आगे चलकर मनुष्य के जीवन में बहुत महत्व देने वाला है। यहां तक कि अक्टूबर 2017 में सऊदी अरब की नागरिकता प्राप्त करने वाली यह पहली रोबोट है।

डॉ डेविड हेनसन कौन हैं? Who is Dr. David Hanson in Hindi?

डॉ डेविड हेनसनएक प्रसिद्ध व्यक्ति हैं जिन्होंने कई प्रकार के हुमनोइड रोबोट को बनाया है। पहले वह Imagineers के रूप में डिज्नी कंपनी में काम करते थे बाद में उन्होंने अपनी खुद की कंपनी हेनसन रोबोटिक्स(Hanson Robotics) की शुरुआत की थी। किसी कंपनी में है आप 2017 में सोफिया एक हुमनोइड रोबोट(Humanoid Robot) को लोगों के सामने लाया है।

सोफिया रोबोट कैसी दिखती है और इसकी विशेषताएं? What are the best Features of Sophia The Humanoid Robot?

  1. सोफिया रोबोट टेक्नोलॉजी की दुनिया में एक नया आविष्कार है जो रोबोट के दिखने की सोच को बदलता देता है।
  2. सोफिया हुमनोइड रोबोट मशहूर ब्रिटिश अभिनेत्री ऑड्रे हेपबर्न के जैसे दिखती हैं।
  3. सोफिया रोबोट त्वचा पोर्सिलेन से बनाई गई है। साथ ही पतली नाक, मजबूत गाल, अजीबो गरीब मुस्कराहट, और आँखें जो लगभग एक मनुष्य के असली आंखों के जैसे ही हैं।
  4. सोफिया रोबोट की आँखें रौशनी के आनुसार अपना रंग बदलती हैं।
  5. हेनसन रोबोटिक्स का मानना है की सोफिया चेहरों को भी पड़ती है और वह आराम से किसी भी जगह को पहचान सकती हैं।
  6. सोफिया रोबोट ने व्यापार, बैंकिंग, बीमा, ऑटो विनिर्माण, संपत्ति विकास, मीडिया और मनोरंजन सहित उद्योगों में प्रमुख निर्णय निर्माताओं के साथ आमने-सामने मुलाकात की, और अपनी क्षमता को भी दिखाया है।
  7. सऊदी अरब वह पहला देश है जिसने सोफिया हुमनोइड रोबोट को अपने देश का नागरिकता (Citizenship) दिया है। नागरिकता पाने के बाद सोफिया ने स्टेज पर सभी से धन्यवाद करते हुए कहा कि – इस अनूठी विशिष्टता के लिए मैं बहुत सम्मानित और गर्व महसूस करती हूँ।

I am very honored and proud for this unique distinction.

सोफिया ने मशहूर शो  – The Tonight Show में Jimmy Fallon से बात किया

Video by The Tonight Show

सोफिया ने CNBC में Interview दिया

Video by CNBC

रोबोट

Robot

प्रस्तावना-यूं तो मानव द्वारा अनेक आश्चर्यजनक आविष्कार किये जा चुके है जिनमें दूरदर्शन से लेकर आन्तरिक्ष यान तक सम्मिलित है, परन्तु मानव के द्वारा जो सर्वाधिक महत्वपुर्ण आविष्कार किया गया-वह कम्प्यूटर है। रोबोट कम्प्यूटर का ही दूसरा रूप् है जिसे मानव ने अपने लिये सुविधा जुटाने, सुगमता पैदा कारने तथा खतरों से बचे रहने के लिए बनाया है। जो मानव की ही तरह चलता-फिरता, देखता-सुनता, बोलता तथा कार्य करता है।

रोबोट क्या है?- वास्तव में रोबोट एक प्रकार का कम्प्यूटर ही है। इसके मस्तिष्क का कार्य कम्प्यूटर के द्वारा ही होता है जो इसके हाथों-पैरों को आदेश व निर्देश देता है। इसकी स्मृति में सूचनाएं भरी जाती है।

विकास क्रम- सर्वप्रथम ’रोबोट‘ शब्द की व्युत्पति ’चेक भाषा‘ के रोबोट से हुई थी। सन् 1920 मंे चेक नाटककार कार्ल चापेक ने एक नाटक प्रदर्शित किया जिसमें यंत्र मानव को मनुष्य की सभी क्रिया-कलापों को करते हुए दर्शाया गया था। कार्ल चापेक की इस कल्पना ने ही रोबोट के निर्माण का मार्ग प्रशस्त किया।

सर्वप्रथम 1954 में इलैक्ट्राॅनिक स्मृति से परिपूर्ण राबोटों का निर्माण किया गया जिसमें केवल छूने, देखने और दूरी मापने की क्षमता थी, परन्तु आधुनिक युग में अनेक प्राकार के रोबोटों का निर्माण किया जा रहा है।

विभिन्न प्रकार- कम्प्यूटर निर्माण में माइक्रो प्रोसेसरों से रोबोटों की दुनिया में भी क्रान्ति उत्पन्न हुई है। इनके द्वारा उनकी क्षमता में तीव्र गति से वृद्धि हुई है क्योंकि कम और छोटे स्थान में अधिक सूचनाओं एवं निर्देशों का इनकी स्मुति भण्डार में भरा जा सकता है।

विश्व के प्रथम रोबोट का निर्माण आर0बी0 कारपोरेशन द्वारा किया गया था। इसका नाम ’आर0 बी0 5 एक्स’ तथा मूल्य 1500 डाॅलर रखा गया। यह दो फुट ऊँचा तथा बैटरी से संचालित था।

दूसरा के0 बी0 ओ0 रोबाट का मूल्य 2500 डाॅलर था, जिसका स्मृति कोष तीस मैगावाट क्षमता का था।
इग्लैंड के वैज्ञानिकों ने आधुनिक युग में स्नूकर खेलने वाले रोबोट का भी निमार्ण किया है जो मेज पर पडी गेंदो की स्थिति का पता लगाकर सर्वोत्तम शाॅट लगाता है। इसमें कम्प्यूटर मस्तिष्क तथा टी0वी0 कैमरा उसकी आंखों का काम करता है।

रोबोट के द्वारा शतरंज जैसा दिमागी खेल भी खेला जाने लगा है।

उपयोगिता- मानव रोबोट का प्रयोग उन कार्यों में करता है जिनमें जोखिम की मात्रा अधिक होती है पर जिसे करनक पर मानव जल्दी थक जाता है या जिन्हें वह सरलता से कर नहीं पाता।

आज रोबोटों का प्रयोग कारखानों में किया जा रहा है। यह निरन्तर रूप से चैबीस घण्टे तक कार्य करते है। इनके प्रयोग से समय व धन की तो बचत होती ही है साथ ही हडतालों की समस्या का समाधान भी होता है।

वर्तमान में रोबोटों द्वारा रेडियोधर्मी राख हटाने का कार्य सफलतापूर्वक सम्पन्न किया जा रहा है। इनके द्वारा परमाणु रियेक्टरों में विकिरण तथा अन्य प्रकार के खतरों को समाप्त किया जाता है।

खदानों जैसे जोखिमभरे स्थानों तथा उच्च ताप वाली भट्टियों के पास रहकर कार्य करने के लिए रोबोट का ही प्रयोग किया जा रहा है।
आधुनिक युग में मानव द्वारा ऐसे रोबोटों का निर्माण किया जा रहा है जो घर की साफ-सफाई तथा बच्चों की देखभाल भी कर सकेंगे।

युद्ध के समय ऐसे रोबोटों का निर्माण किया जा रहा है जो पर्वतीय और पठारी भू-भागों में भी सफलतापूर्वक चल सकेंगेें।

उपसंहार-इस प्रकार यह स्पष्ट है कि हर वह कार्य जो मानव के लिए कठिन, तथा जोखिम वाला, भंयकर तथा थकाऊ है-रोबोट के द्वारा सरलता से पूर्ण किया जा सकता है।

January 30, 2018evirtualguru_ajaygourHindi (Sr. Secondary), LanguagesNo CommentHindi Essay, Hindi essays

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